छत्रपति शिवाजी जयंती

छत्रपति शिवाजी जयंती || Chhatrapati Shivaji Jayanti in hindi || now gyan

छत्रपति शिवाजी जयंती प्रत्येक वर्ष 19 फरवरी के दिन मनाई जाती है। भारत में अनेक राजा महाराजाओं ने जन्म लिया जिसमें से एक छत्रपति शिवाजी महाराज थे। शिवाजी शायद ही आज भारत में ऐसे लोग होंगे जो शिवाजी महाराज के बारे में नहीं जानते होंगे। शिवाजी देश के सपूतों में से एक थे।

क्यों महत्वपूर्ण है? छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती :-

शिवाजी महाराज जी की जयंती 19 फरवरी को हर साल देश में मनाई जाती है। यह जयंती इसलिए महत्वपूर्ण क्योंकि वीर शिवाजी महाराज ने अपने शासनकाल में बहुत से महान कार्य किए थे। सर्वप्रथम शिवाजी ने भारत में मराठा साम्राज्य की नींव रखी तथा कई वर्षों तक मुगलों से संघर्ष किया और उन्हें धूल चटाई।

इस महान शासक को मराठा का गौरव भी कहा जाता था। अभी तक छत्रपति शिवाजी की भारत में लगभग 391वी जयंती मना चुके हैं। इस पर सभी सार्वजनिक स्थलों को बंद रखा जाता है। और इस महान राजा की जयंती मनाई जाती है।

शिवाजी महाराज का जीवन परिचय :-

जन्म19 फरवरी 1630
जन्म स्थलशिवनेरी दुर्ग
माता का नामजीजाबाई
पिता का नामशाहजी भोंसले
मृत्यु 3 अप्रैल 1680
शिवाजी-महाराज-की-जीवनी-हिंदी-में

शिवाजी महाराज को उनके अद्भुत बुद्धि-बल के लिए जाना जाता था। शिवाजी अपने काल के सबसे प्रभावी शासक थे। शिवाजी, राजा के साथ-साथ एक अच्छे राजनीतिकार थे।

जन्म: शिवाजी महाराज :-

शिवाजी महाराज का जन्म 19 फरवरी 1630 शिवनेरी दुर्ग में हुआ था। शिवाजी बचपन से ही बुद्धिमान और साहसी व्यक्ति थे।

माता-पिता: शिवाजी महाराज :-

शिवाजी महाराज के पिता का नाम शाहजी भोंसले व माता का नाम जीजाबाई था। कहा जाता है, कि उनकी माता ने उनका नाम भगवान शिवाय के नाम पर शिवाजी रखा, क्योंकि उनकी माता भगवान शिवाय से स्वस्थ संतान के लिए प्रार्थना किया करती थी। इसीलिए जब शिवाजी का जन्म हुआ। तो उन्हें शिव जी की कृपा मानकर उनका नाम शिवाजी रखा।

आरंभिक जीवन : शिवाजी महाराज :-

शिवाजी महाराज बचपन से ही उत्साहित योद्धा थे। उन्हें केवल औपचारिक शिक्षा दी गई जिसमें वह पढ़ लिख नहीं सकते थे। लेकिन फिर भी शिवाजी को सुनाई गई बातें अच्छी तरह से याद रहती थी।

शिवाजी ने मावल क्षेत्र से अपने विश्वास मत साथी और सेना को इकट्ठा किया। मावल साथियों के साथ शिवाजी खुद को मजबूत करने व अपने मातृभूमि का ज्ञान प्राप्त करने के लिए सहयाद्री पर्वत माला की पहाड़ियों तथा जंगलों में घूमते रहते थे। ऐसा इसलिए होता था, ताकि वे सैन्य प्रयासों के लिए तैयार हो सके।

स्वामी विवेकानंद जयंती तारीख व समय :- 

S.No.जयंती || jayantiदिन || day
1.छत्रपति शिवाजी जयंती 202019 फरवरी 2020
2.छत्रपति शिवाजी जयंती 202119 फरवरी 2021
3.छत्रपति शिवाजी जयंती 202219 फरवरी 2022
4.छत्रपति शिवाजी जयंती 202319 फरवरी 2023
5.छत्रपति शिवाजी जयंती 202419 फरवरी 2024
6.छत्रपति शिवाजी जयंती 202519 फरवरी 2025
7.छत्रपति शिवाजी जयंती 202619 फरवरी 2026
छत्रपति-शिवाजी-जयंती-कब-है?

शिवाजी महाराज जयंती पर क्या होता है? :-

इस ( शिवाजी महाराज जयंती ) जयंती पर पूरे देश में हर्षोल्लास से के साथ कार्यक्रम मनाए जाते हैं। लोग शिवाजी महाराज के सम्मान में कई सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करते हैं व जुलूस के माध्यम से भी यह जयंती मनाई जाती है। कई स्थानों पर शिवाजी महाराज की जीवन को दर्शाने वाले नाटक तथा सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए जाते हैं।

शिवाजी महाराज जयंती पर प्रेरक कहानियां :-

एक बार शिवाजी महाराज के सक्षम उनके सैनिक किसी गांव के मुखिया को पकड़ लाए। वह बहुत बड़ा धनी और रसूखदार व्यक्ति था। पर आज उस पर एक विधवा स्त्री की इज्जत लूटने का आरोप साबित हो चुका था। उस समय शिवाजी मात्र 24 साल के थे, परंतु वह बड़े ही वीर, निडर, न्याय प्रिय थे। विशेषकर महिलाओं के प्रति उनके मन में असीम सम्मान था। उन्होंने तत्काल अपना निर्णय सुना दिया- “इसके दोनों हाथ और पैर काट दी जाए ” ऐसे जगन्य अपराध के लिए इससे कम कोई सजा नहीं हो सकती। शिवाजी जीवन प्रयत्न साहसिक कार्य करते थे। गरीब बेसहारा लोगों को हमेशा प्रेम और सम्मान देते रहे।

शिवाजी महाराज की मृत्यु का कारण:-

शिवाजी एक महान योद्धा रहे, उन्होंने बहुत से महान कार्य किए थे। और आज उनका नाम संपूर्ण भारत में प्रसिद्ध है। उनकी जयंती संपूर्ण भारत में 19 फरवरी को मनाते हैं। शिवाजी महाराज भोसले का शासन (1630-1680) तक रहा। शिवाजी की मृत्यु 3 अप्रैल 1680 में रायगढ़ में हुई थी।

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